पूज्य सुधांशु जी महाराज
जब तक कायरता को आप तोड़ेंगे नहीं और आप संघर्ष करते हुए
वीरता को जोड़ेंगे नहीं तब तक सफलता का आनंद नहीं चख
सकते !
इसलिए जीवन में कर्मठता चाहीए !
कुछ स्वार्थीजनों ने पूरे भारतीय समाज को ऐसा भाग्यवादी
बनाके ऐसा बैठा दिया कि अपने माथे पर बार -बार हाथ मारते हैं
कि किस्मत ठीक नही है !
कुछ होने वाला नहीं है !
हमारा साथ देने वाला कोई नहीं है ,बहुत बार केवल हम इसलिए
इंतजार कर रहे होते हैं कि किसी पंडित ने बता दिया कि अभी दो
-ढाई साल ठीक नहीं हैं और इस बीच हमने स्वयं को जंग लगा
लिया !
सचाई यह है जिसने ढाई साल यूं ही बिता दिये उसके
अगले ढाई साल भी अच्छे होने वाले नहीं हैं !
वीरता को जोड़ेंगे नहीं तब तक सफलता का आनंद नहीं चख
सकते !
इसलिए जीवन में कर्मठता चाहीए !
कुछ स्वार्थीजनों ने पूरे भारतीय समाज को ऐसा भाग्यवादी
बनाके ऐसा बैठा दिया कि अपने माथे पर बार -बार हाथ मारते हैं
कि किस्मत ठीक नही है !
कुछ होने वाला नहीं है !
हमारा साथ देने वाला कोई नहीं है ,बहुत बार केवल हम इसलिए
इंतजार कर रहे होते हैं कि किसी पंडित ने बता दिया कि अभी दो
-ढाई साल ठीक नहीं हैं और इस बीच हमने स्वयं को जंग लगा
लिया !
सचाई यह है जिसने ढाई साल यूं ही बिता दिये उसके
अगले ढाई साल भी अच्छे होने वाले नहीं हैं !
